आप कैसे प्रमाणित करेंगे कि कार्बन टेट्राक्लोराइड विद्युत का कुचालक होता ह..
发布时间:2026-09-14 | 浏览:2
Updated on: Jul 4, 2026
आप कैसे प्रमाणित करेंगे कि कार्बन टेट्राक्लोराइड विद्युत का कुचालक होता है?
सोडियम क्लोराइड जल में घुल जाता है, किन्तु कार्बन टेट्राक्लोराइड नहीं, क्यों?
CH₄ और CO₂ की इलेक्ट्रॉनिक संरचना लिखें।
किसी रासायनिक यौगिक के बनने में संयोजी इलेक्ट्रॉनों की क्या भूमिका होती है?
किसी तत्त्व A की परमाणु संख्या 12 है और दूसरे तत्त्व B की परमाणु संख्या 17 है। A और B के संयोग से बने यौगिक का सूत्र लिखें।
(a) अमोनिया के अणु में कुल कितने सहसंयोजक बंधन हैं? (b) सोडियम अणु कहना क्या सही है?
निम्नलिखित पदार्थों में बंधन की प्रकृति पर प्रकाश डालें: (i) जल (ii) नाइट्रोजन अणु (iii) मैग्नीशियम ऑक्साइड (iv) कैल्सियम क्लोराइड
तत्त्व W, X, Y और Z की परमाणु संख्याएँ क्रमशः 7, 9, 10 और 11 हैं। तत्त्वों के निम्नांकित युग्मों से बने यौगिक का सूत्र लिखें और उनमें विद्यमान बंधन की प्रकृति बताएँ: (i) W और X (ii) X और X (iii) W और Z (iv) Y और Z
X और Y तत्त्वों के इलेक्ट्रॉनिक विन्यास निम्नलिखित हैं: X: 2, 6 Y: 2, 8, 8, 2 इनके बीच बननेवाले बंधन की प्रकृति बताएँ।
Question asked by Filo student
9. आप कैसे प्रमाणित करेंगे कि कार्बन टेट्राक्लोराइड विद्युत का कुचालक होता है?
कार्बन टेट्राक्लोराइड (CCl₄) एक अणु है जिसमें कोई मुक्त आयन या मुक्त इलेक्ट्रॉन नहीं होते। इसलिए यह विद्युत प्रवाहित नहीं करता। इसे प्रमाणित करने के लिए:
CCl₄ के घोल या पिघले हुए रूप में विद्युत प्रवाह की जाँच करें।
यदि यह विद्युत का कुचालक नहीं है, तो यह दर्शाता है कि CCl₄ में आयनिक बंधन नहीं है और यह विद्युत का कुचालक नहीं है।
10. सोडियम क्लोराइड जल में घुल जाता है, किन्तु कार्बन टेट्राक्लोराइड नहीं, क्यों?
सोडियम क्लोराइड (NaCl) आयनिक यौगिक है जो जल में आयनों (Na⁺ और Cl⁻) में टूट जाता है, इसलिए यह जल में घुल जाता है।
कार्बन टेट्राक्लोराइड (CCl₄) एक अणु है और अपोलर है, जबकि जल ध्रुवीय है। ध्रुवीय पदार्थ अपोलर पदार्थ में घुलते नहीं, इसलिए CCl₄ जल में घुलता नहीं।
11. CH₄ और CO₂ की इलेक्ट्रॉनिक संरचना लिखें।
कार्बन (C) की इलेक्ट्रॉनिक संरचना: 2, 4
हाइड्रोजन (H) की इलेक्ट्रॉनिक संरचना: 1
ऑक्सीजन (O) की इलेक्ट्रॉनिक संरचना: 2, 6
C के 4 वैलेंस इलेक्ट्रॉन H के 4 इलेक्ट्रॉन के साथ साझा होते हैं।
इलेक्ट्रॉनिक संरचना: C (2,4) + 4H (1) → चार सहसंयोजक बंधन
C के 4 इलेक्ट्रॉन ऑक्सीजन के 6 इलेक्ट्रॉन के साथ दोहरे बंधन बनाते हैं।
इलेक्ट्रॉनिक संरचना: C (2,4) + 2O (2,6) → दो डबल बंधन
12. किसी रासायनिक यौगिक के बनने में संयोजी इलेक्ट्रॉनों की क्या भूमिका होती है?
संयोजी इलेक्ट्रॉन (bonding electrons) दो परमाणुओं के बीच साझा किए जाते हैं और रासायनिक बंधन बनाते हैं।
ये इलेक्ट्रॉन यौगिक को स्थिरता प्रदान करते हैं और परमाणुओं को जोड़ते हैं।
13. किसी तत्त्व A की परमाणु संख्या 12 है और दूसरे तत्त्व B की परमाणु संख्या 17 है। A और B के संयोग से बने यौगिक का सूत्र लिखें।
A की परमाणु संख्या 12 → मैग्नीशियम (Mg), इलेक्ट्रॉन विन्यास: 2,8,2
B की परमाणु संख्या 17 → क्लोरीन (Cl), इलेक्ट्रॉन विन्यास: 2,8,7
Mg दो इलेक्ट्रॉन खोकर Mg²⁺ बनता है, Cl एक इलेक्ट्रॉन लेकर Cl⁻ बनता है।
यौगिक का सूत्र: MgCl₂
(a) अमोनिया के अणु में कुल कितने सहसंयोजक बंधन हैं?
अमोनिया (NH₃) में नाइट्रोजन और तीन हाइड्रोजन के बीच तीन सहसंयोजक बंधन होते हैं।
(b) सोडियम अणु कहना क्या सही है?
नहीं, सोडियम एक धातु है और धातु के रूप में यह अणु के रूप में नहीं पाया जाता। यह धातु के रूप में आयनों या परमाणुओं के समूह में होता है। इसलिए "सोडियम अणु" कहना सही नहीं है।
15. निम्नलिखित पदार्थों में बंधन की प्रकृति पर प्रकाश डालें:
(i) जल (H₂O) - सहसंयोजक (कोवैलेंट) बंधन (ii) नाइट्रोजन अणु (N₂) - सहसंयोजक (कोवैलेंट) त्रिगुण बंधन (iii) मैग्नीशियम ऑक्साइड (MgO) - आयनिक बंधन (iv) कैल्सियम क्लोराइड (CaCl₂) - आयनिक बंधन
16. तत्त्व W, X, Y और Z की परमाणु संख्याएँ क्रमशः 7, 9, 10 और 11 हैं। तत्त्वों के निम्नांकित युग्मों से बने यौगिक का सूत्र लिखें और उनमें विद्यमान बंधन की प्रकृति बताएँ:
W (7) → नाइट्रोजन (N), इलेक्ट्रॉन विन्यास: 2,5
X (9) → फ्लोरीन (F), इलेक्ट्रॉन विन्यास: 2,7
Y (10) → नीयॉन (Ne), इलेक्ट्रॉन विन्यास: 2,8
Z (11) → सोडियम (Na), इलेक्ट्रॉन विन्यास: 2,8,1
(i) W और X → NF₃ (नाइट्रोजन और फ्लोरीन के बीच सहसंयोजक बंधन)
(ii) X और X → F₂ (फ्लोरीन अणु, सहसंयोजक बंधन)
(iii) W और Z → Na₃N (सोडियम और नाइट्रोजन के बीच आयनिक बंधन)
(iv) Y और Z → Ne और Na के बीच कोई यौगिक नहीं बनता क्योंकि Ne एक निष्क्रिय गैस है।
17. X और Y तत्त्वों के इलेक्ट्रॉनिक विन्यास निम्नलिखित हैं:
इनके बीच बननेवाले बंधन की प्रकृति बताएँ।
X के पास 6 वैलेंस इलेक्ट्रॉन हैं (जैसे ऑक्सीजन)
Y के पास 2 वैलेंस इलेक्ट्रॉन हैं (जैसे कैल्शियम)
Y इलेक्ट्रॉन खोकर Y²⁺ बनता है, X इलेक्ट्रॉन लेकर X²⁻ बनता है।
इसलिए Y और X के बीच आयनिक बंधन बनता है।
Students who ask this question also asked
Smart Solutions
Smart Solutions
Smart Solutions
Smart Solutions
Stuck on the question or explanation?
Connect with our tutors online and get step by step solution of this question.
Are you ready to take control of your learning?
Download Filo and start learning with your favourite tutors right away!